लाइव, राजनाथ सिंह बोले, 'छात्रों और युवाओं को राजनीतिक औज़ार के तौर पर इस्तेमाल करने का प्रयास हो रहा'

राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत के जागरूक नौजवान ऐसे भ्रामक प्रयासों को अच्छी तरह समझते हैं.

सारांश

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  • राहुल गांधी
  • राहुल गांधी
  • ममदानी के बयान के बाद क्या बोले ट्रंप?
  • पेपर लीक के मु्द्दे पर बोले पीएम मोदी
  • अभिजीत दीपके ने क्यों मांगी माफ़ी?
  • शंभू बॉर्डर पर सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम
  • रोहित शर्मा

लाइव कवरेज

रौनक भैड़ा, अरशद मिसाल

  1. राजनाथ सिंह बोले, 'छात्रों और युवाओं को राजनीतिक औज़ार के तौर पर इस्तेमाल करने का प्रयास हो रहा'

    राजनाथ सिंह

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    इमेज कैप्शन, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत के जागरूक नौजवान ऐसे भ्रामक प्रयासों को अच्छी तरह समझते हैं (फ़ाइल फ़ोटो)

    देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बुधवार को मीडिया से बात करते हुए दिल्ली में जारी विरोध प्रदर्शन को गंभीर चिंता का विषय बताया.

    उन्होंने कहा, "यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि कुछ लोग हमारे देश के छात्रों और युवाओं को अपने राजनीतिक स्वार्थों को पूरा करने के लिए, एक राजनीतिक औज़ार के तौर पर इस्तेमाल करने का प्रयास कर रहे हैं."

    "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारी सरकार नौजवानों की आकांक्षाओं को पूरा करने और उनके कल्याण के प्रति पूरी तरह से प्रतिबद्ध है. छात्रों की हर चिंता को सुनना और उसका समाधान करना हम सबकी ज़िम्मेदारी है."

    राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत के जागरूक नौजवान ऐसे भ्रामक प्रयासों को अच्छी तरह समझते हैं.

    उन्होंने कहा, "मुझे पूरा विश्वास है कि भारत के जागरूक, परिपक्व और विवेकशील नौजवान ऐसे भ्रामक प्रयासों को अच्छी तरह समझते हैं और वे प्रगति, विकास और राष्ट्रनिर्माण के रास्ते को चुनेंगे."

    "हम इस बात के लिए भी पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं कि हमारे छात्रों और नौजवानों के साथ किसी तरह का अन्याय न हो."

    नीट पेपर लीक के बाद कॉकरोच जनता पार्टी जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रही है. प्रदर्शनकारी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग कर रहे हैं. इसी मांग को लेकर सोनम वांगचुक भी 28 जून से अनशन कर रहे हैं.

    20 जुलाई को प्रदर्शनकारियों ने संसद मार्च का आह्वान किया था, जिसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा. विपक्ष पुलिस की इस कार्रवाई की आलोचना कर रहा है.

  2. टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी मानसून सत्र से निलंबित

    कल्याण बनर्जी

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    इमेज कैप्शन, टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी (फ़ाइल फ़ोटो)

    तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के सांसद कल्याण बनर्जी को सांसद के मानसून सत्र से निलंबित कर दिया गया. उन पर महिला सांसदों के ख़िलाफ़ अभद्र व्यवहार और असंसदीय भाषा के इस्तेमाल के आरोप लगे हैं.

    बुधवार को सदन की अध्यक्षता कर रहे टीडीपी सांसद केपी तेन्नेटी ने बताया कि लोकसभा अध्यक्ष को कल्याण बनर्जी के कथित आचरण और भाषा को लेकर लिखित शिकायत मिली है.

    जिसके बाद केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने लोकसभा में कल्याण बनर्जी को संसद के मौजूदा मानसून सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित करने का प्रस्ताव पेश किया और सदन ने प्रस्ताव को मंजूरी दे दी.

    शिकायत में आरोप लगाया गया है कि कल्याण बनर्जी ने सदन की कार्यवाही के दौरान "अप्रत्याशित और अनुचित व्यवहार" किया और कथित तौर पर महिलाओं के प्रति अपमानजनक टिप्पणी करते हुए एनसीपीआई के सदस्यों और केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया.

  3. कॉकरोच जनता पार्टी ने सोनम वांगचुक को पत्र लिखकर की ये मांग

    सोनम वांगचुक (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, सीजेपी फ़ाउंडर अभिजीत दीपके ने भी एक्स पर एक वीडियो जारी कर सोनम वांगचुक से अनशन समाप्त करने का अनुरोध किया है (फ़ाइल फ़ोटो)

    कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने बुधवार को सोनम वांगचुक को पत्र लिखकर उनसे अनशन तोड़ने की मांग की है.

    सीजेपी ने अपने पत्र में लिखा है, "पूरे सम्मान और दिल से आभार के साथ हम आपसे निवेदन करते हैं कि प्लीज़ अपना अनशन खत्म कर दीजिए. आपके त्याग ने पूरे देश के हज़ारों छात्रों को प्रेरित किया है. 20 जुलाई को अलग-अलग राज्यों से युवा सिर्फ आपके और इस आंदोलन के समर्थन में पहुंचे."

    "आपने दिखा दिया कि यह लड़ाई किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि हर उस छात्र की है जो परीक्षा व्यवस्था में न्याय चाहता है. लेकिन इस समय सबसे ज़रूरी है कि आप अपनी सेहत का भी ख्याल रखें."

    सीजेपी ने सोनम से वादा किया है कि उनके अनशन टोड़ने की वजह से यह आंदोलन ख़त्म नहीं होगा.

    सीजेपी ने लिखा, "हम इस लड़ाई को पूरी ताकत से आगे बढ़ाएंगे और परीक्षा में न्याय की हमारी मांग पूरी होने तक संघर्ष जारी रखेंगे. इस आंदोलन को आगे ले जाने के लिए हम हरसंभव कोशिश करेंगे."

    सीजेपी फ़ाउंडर अभिजीत दीपके ने भी एक्स पर एक वीडियो जारी कर सोनम वांगचुक से अनशन समाप्त करने का अनुरोध किया है.

    दीपके ने एक्स पर लिखा, "देश को सोनम वांगचुक की ज़रूरत है और उनका जीवन इतना अनमोल है कि उसे और जोखिम में नहीं डाला जा सकता. जंतर-मंतर पर हमारा शांतिपूर्ण प्रदर्शन तब तक जारी रहेगा, जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं हो जातीं."

  4. पटना में छात्रों का प्रदर्शन: पुलिस ने किया वाटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल, सीटू तिवारी, बीबीसी संवाददाता

    प्रदर्शन

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    इमेज कैप्शन, गांधी मैदान स्थित जेपी गोलंबर के पास पुलिस ने छात्रों को रोक दिया

    दिल्ली में चल रहे छात्रों के प्रदर्शन के समर्थन में बिहार की राजधानी पटना में बुधवार कोऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) के आह्वान पर छात्रों ने प्रदर्शन किया. इस प्रदर्शन में आइसा के छात्रों के अलावा अन्य छात्र संगठनों से जुड़े छात्र भी शामिल हुए.

    प्रदर्शनकारियों का मार्च पटना के गांधी मैदान के गेट नंबर 10 से शुरू होकर राजभवन तक जाना था. हालांकि, गांधी मैदान स्थित जेपी गोलंबर के पास पुलिस ने छात्रों को रोक दिया. प्रदर्शनकारियों पर पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया और आँसू गैस के गोले छोड़े.

    बीबीसी के वीडियो जर्नलिस्ट शहनवाज़ अहमद के मुताबिक, पुलिस की ओर से आँसू गैस के दो गोले छोड़े गए. इस दौरान प्रदर्शनकारियों की ओर से भी पुलिस पर पथराव किए जाने का आरोप है.

    पुलिस कार्रवाई के बावजूद प्रदर्शनकारी छात्र जेपी गोलंबर पर नहीं रुके और आगे बढ़ते हुए डाक बंगला चौराहे तक पहुंच गए.

    इस दौरान छात्र लगातार "गोदी मीडिया गो बैक" के नारे लगाते रहे.

    प्रदर्शन के दौरान कई मीडिया कर्मियों के घायल होने की जानकारी सामने आई है. कुछ लोगों के हस्तक्षेप के बाद कई मीडिया कर्मियों को भीड़ से बाहर निकाला गया.

    प्रदर्शन

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    प्रदर्शन

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    प्रदर्शन

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  5. अभी तक बीबीसी संवाददाता रौनक भैड़ा आप तक ख़बरें पहुंचा रहे थे. अब बीबीसी संवाददाता अरशद मिसाल रात दस बजे तक आप तक ताज़ा ख़बरें पहुंचाएंगी.

    बीबीसी हिन्दी के पेज पर मौजूद कुछ बड़ी ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए हुए लिंक्स पर क्लिक करें.

  6. अमेरिकी विदेश मंत्री बोले- हम समझौते के लिए तैयार, लेकिन ईरान सीरियस नहीं

    मार्को रुबियो

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    इमेज कैप्शन, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा है कि अमेरिका ईरान के साथ जारी संकट को ख़त्म करने के लिए बातचीत और समझौते के लिए तैयार है, लेकिन ईरान इस मामले में गंभीर नहीं दिख रहा है.

    बीबीसी फ़ारसी के मुताबिक़, दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक में रुबियो ने अमेरिका-ईरान तनाव को लेकर अपनी बात रखी.

    उन्होंने कहा, "अमेरिका अभी भी ईरान के साथ संकट ख़त्म करने के लिए बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन ईरान बातचीत को लेकर गंभीर नहीं है."

    इस बीच, ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया कि ईरान को मध्यस्थों के ज़रिए 10 दिन के संघर्ष विराम का प्रस्ताव मिला है.

    गौरतलब है कि हाल ही में ईरान के गृह मंत्री पाकिस्तान के दौरे पर गए थे. इस दौरान उन्होंने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ और सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर से मुलाक़ात की थी.

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  7. सीजेपी प्रदर्शन में घायल हुई 21 वर्षीय छात्रा की हेल्थ को लेकर अस्पताल ने दिया ये अपडेट

    सीजेपी प्रदर्शन

    इमेज स्रोत, Arun SANKAR / AFP via Getty Images

    इमेज कैप्शन, अस्पताल प्रशासन ने बताया कि कथित प्रदर्शन से जुड़ी घटना के दौरान गंभीर रूप से घायल हुई लड़की की हालत में सुधार है (फ़ाइल फ़ोटो: सीजेपी प्रदर्शन, 20 जुलाई)

    कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संसद चलो मार्च के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई में घायल हुई 21 वर्षीय छात्रा की तबीयत को लेकर राम मनोहर लोहिया (आरएमएल) अस्पताल ने बुधवार को अपडेट जारी किया है.

    अस्पताल प्रशासन ने बताया कि कथित प्रदर्शन से जुड़ी घटना के दौरान गंभीर रूप से घायल हुई लड़की की हालत में सुधार है.

    अस्पताल प्रशासन ने हेल्थ बुलेटिन जारी करते हुए बताया, "कथित प्रदर्शन से जुड़ी घटना के दौरान गंभीर रूप से घायल हुई 21 वर्षीय महिला मरीज़ की हालत में अब अच्छा सुधार देखा जा रहा है. महिला का इलाज नई दिल्ली स्थित आरएमएल अस्पताल में चल रहा है."

    अस्पताल प्रशासन ने आगे बताया कि लड़की को सफलतापूर्वक वेंटिलेटर से हटा दिया गया है और अब वह ख़ुद से सांस ले रही है.

    अस्पताल के अनुसार, मरीज़ होश में है और डॉक्टरों के निर्देशों का सही तरीक़े से जवाब दे रही है. उसकी दिमाग़ और रीढ़ की हड्डी की एमआरआई रिपोर्ट भी नॉर्मल आई है.

    अस्पताल ने बताया, "इलाज शुरू होने के बाद से मरीज़ की स्थिति में लगातार सुधार दर्ज किया जा रहा है. डॉक्टरों की टीम उसकी कड़ी निगरानी कर रही है और उसे सभी ज़रूरी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं."

    आरएमएल अस्पताल ने यह भी स्पष्ट किया कि कथित घटना के संबंध में फ़िलहाल यही एकमात्र मरीज़ है, जिसका इलाज अस्पताल में चल रहा है.

  8. भारी बारिश के बाद केदारनाथ पैदल मार्ग पर मलबा गिरा, यात्रा अस्थायी रूप से रोकी गई, आसिफ़ अली, बीबीसी हिन्दी के लिए

    केदारनाथ धाम पैदल मार्ग

    इमेज स्रोत, Rudrapur District Administration

    इमेज कैप्शन, प्रशासन का कहना है कि मार्ग को जल्द से जल्द खोलने के लिए सभी संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर काम किया जा रहा है

    केदारनाथ धाम जाने वाले पैदल मार्ग पर भारी बारिश के बाद मलबा और बोल्डर गिरने से यात्रा अस्थायी रूप से रोक दी गई है.

    प्रशासन का कहना है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए उन्हें विभिन्न सुरक्षित स्थानों पर रोक दिया गया है.

    रुद्रप्रयाग के जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार के अनुसार, बुधवार सुबह 6:01 बजे सूचना मिली कि गौरीकुंड से करीब एक किलोमीटर आगे छोड़ी के पास केदारनाथ पैदल मार्ग पर पत्थर और मलबा के कारण रास्ता अवरुद्ध हो गया है.

    उन्होंने बताया कि सूचना मिलते ही जिला आपदा परिचालन केंद्र की ओर से सेक्टर अधिकारी, गौरीकुंड को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए. संबंधित विभागों की टीमें मौके पर पहुंच गई हैं और मार्ग से मलबा हटाने के साथ-साथ उसे सुरक्षित बनाने का काम कर रही हैं.

    प्रशासन का कहना है कि मार्ग को जल्द से जल्द खोलने के लिए सभी संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर काम किया जा रहा है.

    मौक़े पर डिडीआरएफ़, वाईएमएफ़, आपदा मित्र, एमपीएफ़ और पुलिस की टीमें तैनात हैं, जबकि एनडीआरएफ़ और एसडीआरएफ़ की टीमों को भी अलर्ट पर रखा गया है.

    जिला प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे धैर्य बनाए रखें, प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करें और अफवाहों पर ध्यान न दें. अधिकारियों का कहना है कि मार्ग पूरी तरह सुरक्षित होने के बाद ही यात्रा दोबारा शुरू की जाएगी.

  9. दिल्ली में 16 मेट्रो स्टेशन अगले आदेश तक बंद

    दिल्ली मेट्रो

    इमेज स्रोत, Andrew Woodley/Education Images/Universal Images Group via Getty Images

    इमेज कैप्शन, दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) ने 16 मेट्रो स्टेशन बंद होने की जानकारी साझा की (फ़ाइल फ़ोटो)

    दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) ने बुधवार को दोपहर 11:27 बजे 16 मेट्रो स्टेशन बंद करने की जानकारी दी है.

    डीएमआरसी ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर 16 मेट्रो स्टेशन का नाम जारी करते हुए लिखा, "ये मेट्रो स्टेशन अगले आदेश तक बंद रहेंगे. हालांकि, राजीव चौक, मंडी हाउस और सेंट्रल सेक्रेटेरिएट पर इंटरचेंज की सुविधा उपलब्ध रहेगी."

    डीएमआरसी ने इन मेट्रो स्टेशनों के बंद होने की जानकारी दी-

    लोक कल्याण मार्ग, राजीव चौक, पटेल चौक, रामकृष्ण आश्रम मार्ग, बाराखंभा रोड, सुप्रीम कोर्ट, सेवा तीर्थ, जनपथ, मंडी हाउस, सेंट्रल सेक्रेटेरिएट, आईटीओ, दिल्ली गेट, इंद्रप्रस्थ, खान मार्केट, जोर बाग और शिवाजी स्टेडियम.

  10. तमिलनाडु के सीएम विजय की पार्टी ने राहुल गांधी को हिरासत में लेने पर क्या कहा

    जोसेफ़ विजय

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    इमेज कैप्शन, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी जोसेफ़ विजय (फ़ाइल फ़ोटो)

    तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी जोसेफ़ विजय की पार्टी ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने की निंदा की है.

    तमिलगा वेत्री कड़गम (टीवीके) पार्टी ने कहा कि राहुल गांधी को हिरासत में लेना और हथकड़ी लगाकर ले जाना लोकतांत्रिक अधिकारों पर सीधा हमला है.

    टीवीके ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर लिखा, "देश की राजधानी में लोकतंत्र को कुचलना बेहद निंदनीय है.दिल्ली में युवाओं के शांतिपूर्ण प्रदर्शन के समर्थन में पहुंचे लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को दिल्ली पुलिस द्वारा घसीटते हुए हिरासत में लेना और हथकड़ी लगाकर ले जाना लोकतांत्रिक अधिकारों पर सीधा हमला है.इसकी हम कड़ी निंदा करते हैं."

    पार्टी ने लिखा, "नीट परीक्षा लागू होने के बाद से ही इसकी विश्वसनीयता पर सवाल उठते रहे हैं.साथ ही, छात्रों पर लगातार मानसिक दबाव बना हुआ है और उनके भविष्य के सपने बड़े सवाल के घेरे में हैं."

    आगे लिखा, "हर साल नीट परीक्षा की वजह से छात्रों को होने वाला नुकसान रुकने का नाम नहीं ले रहा है.इसलिए, हम केंद्र सरकार से नीट परीक्षा को पूरी तरह ख़त्म करने की ज़ोरदार मांग करते हैं."

    गौरतलब है कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस सांसदों ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग को लेकर पीएम आवास 7 लोक कल्याण मार्ग के बाहर धरना प्रदर्शन किया था.

    इसके बाद उन्हें हिरासत में ले लिया गया था. हालांकि, कुछ घंटे बाद उन्हें और हिरासत में लिए गए बाकी नेताओं को छत्रसाल स्टेडियम से रिहा कर दिया गया.

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  11. डोनाल्ड ट्रंप का एलान, 'एक साल तक जेनेरिक दवा पर ज़ीरो फ़ीसदी टैरिफ़'

    डोनाल्ड ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि एक अगस्त से जेनेरिक दवाओं पर जीरो फ़ीसदी टैरिफ़ लगेगा, लेकिन एक साल बाद में इसे बढ़ा दिया जाएगा (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जेनेरिक दवाओं के आयात को लेकर बड़ा एलान किया है.

    उन्होंने कहा कि एक अगस्त से इन दवाओं पर जीरो फ़ीसदी टैरिफ़ लगेगा, लेकिन एक साल बाद में इसे बढ़ा दिया जाएगा.

    डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार सुबह ट्रुथ सोशल पर पोस्ट किया, "एक अगस्त, 2026 से अमेरिका में लाई जाने वाली सभी जेनेरिक दवाओं पर दो साल की अवधि तक टैरिफ़ शून्य प्रतिशत रहेगा. इसके बाद एक साल की अवधि के लिए टैरिफ़ बढ़ाकर 100 फ़ीसदी कर दिया जाएगा और उसके बाद यह 200 फ़ीसदी हो जाएगा."

    उन्होंने लिखा, "यह क़दम जेनेरिक दवाओं के उत्पादन को वापस अमेरिका में लाने के लिए उठाया गया है. जो कंपनियां दिए गए समय के अंदर अमेरिका में दवा बनाने के लिए फ़ैक्ट्री और ज़रूरी सामान नहीं लगाएंगी, उन पर जुर्माना लगाया जाएगा."

    ट्रंप ने कहा, "इस नीति का उद्देश्य अमेरिका के लोगों की सुरक्षा करना है. पेटेंट वाली, ब्रांडेड या नई दवाओं को लेकर बनाई गई नीति, जो काफ़ी सफल रही है, वैसी ही जारी रहेगी. पूरे अमेरिका में दवा बनाने की फ़ैक्ट्रियाँ बहुत बड़े स्तर पर बनाई जा रही हैं, जितनी पहले कभी नहीं बनाई गईं."

  12. प्रीति ज़िंटा ने छात्रों के प्रदर्शन पर कहा, 'एंटी-नेशनल एलिमेंट्स की ओर से...'

    प्रीति ज़िंटा

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    इमेज कैप्शन, प्रीति ज़िंटा ने पहले छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया था (फ़ाइल फ़ोटो)

    जंतर-मंतर पर चल रहे छात्रों के प्रदर्शन को लेकर अभिनेत्री प्रीति ज़िंटा ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि कहीं देश के अंदर और बाहर के कुछ गलत लोग छात्रों के गुस्से और परेशानियों का फायदा उठाने की कोशिश तो नहीं कर रहे हैं.

    प्रीति ज़िंटा ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर एक पोस्ट साझा करते हुए कहा कि छात्रों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन को देश विरोधी तत्वों की ओर से हंगामा फैलाने या उसकी दिशा बदलने के लिए इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए.

    उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर लिखा, "जहां यह ज़रूरी है कि हम अपने छात्रों का समर्थन करें और ऐसे शिक्षा सुधारों की मांग करें, जो हमारे युवाओं के भविष्य को बेहतर बनाएँ, वहीं यह भी ज़रूरी है कि छात्रों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन को एंटी-नेशनल एलिमेंट्स की ओर से हंगामा फैलाने और प्रदर्शन की दिशा बदलने के लिए इस्तेमाल न किया जाए."

    अभिनेत्री ने आगे कहा, "ऑनलाइन बढ़ती नफ़रत और विभाजनकारी माहौल को देखकर मुझे चिंता होती है कि कहीं देश के अंदर और बाहर के कुछ गलत लोग छात्रों के गुस्से और परेशानियों का फायदा उठाने की कोशिश तो नहीं कर रहे हैं."

    प्रीति ज़िंटा ने अपनी पोस्ट में लिखा, "मैंने हमेशा मेहनत, समानता और बेहतरीन काम में विश्वास किया है और इनसे कभी समझौता नहीं होना चाहिए. मैं अपने लोकतंत्र, क़ानून व्यवस्था और अपनी सरकार में भी विश्वास करती हूं."

    उन्होंने लिखे, "मैं दिल से उम्मीद करती हूं कि दोनों पक्ष सार्थक और अच्छे संवाद की शुरुआत करें और इस प्रदर्शन और बातचीत से सभी ग़लत इरादों वाले लोगों और मुद्दों को दूर करें, ताकि हमारे युवाओं और हमारे लोकतंत्र का भविष्य उज्ज्वल हो."

    इससे पहले प्रीति ज़िंटा ने छात्रों का समर्थन किया था. उन्होंने पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से अपना अनशन ख़त्म करने की अपील करते हुए कहा कि उनकी सेहत भी इस लड़ाई जितनी ही ज़रूरी है.

    गौरतलब है कि सोमवार को हुए विरोध मार्च के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया था और आंसू गैस के गोले छोड़े थे. इसके बाद कई कलाकारों और हस्तियों ने छात्रों के प्रदर्शन को अपना समर्थन दिया है.

  13. जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन के दौरान बारिश में ऐसा माहौल, तस्वीरों में देखें

    जंतर-मंतर

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    इमेज कैप्शन, बुधवार सुबह बारिश में भी प्रदर्शनकारी जंतर-मंतर पर डटे रहे

    दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) और छात्रों का प्रदर्शन जारी है.

    बुधवार सुबह हुई बारिश में भी प्रदर्शनकारी यहां डटे रहे और तिरपाल का इस्तेमाल करते रहे.

    इससे पहले मंगलवार देर शाम को शिवसेना (यूबीटी) नेता उद्धव ठाकरे और टीएमसी नेता महुआ मोइत्रा समेत कई नेता पहुंचे.

    बुधवार सुबह की जंतर-मंतर की तस्वीरें-

    जंतर-मंतर

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    इमेज कैप्शन, सोमवार को हुए विरोध मार्च के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया था और आंसू गैस के गोले दागे थे
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    इमेज कैप्शन, सोमवार को हुए प्रदर्शन के दौरान कुल कितने स्टूडेंट्स घायल हुए हैं. इसकी स्वतंत्र रूप से अभी तक पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन दिल्ली पुलिस ने बताया था कि इस दौरान 70 से अधिक प्रदर्शनकारी घायल हुए थे
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    इमेज कैप्शन, दिल्ली पुलिस ने यह भी बताया था कि सोमवार को प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस और सुरक्षाबलों के कुल 118 जवान घायल हुए थे
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    इमेज कैप्शन, बारिश में तिरपाल थामे खड़ा युवा
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    इमेज कैप्शन, बारिश की वजह से जंतर-मंतर पर तिरपाल भी बांधे गए हैं
  14. ईरान के राष्ट्रपति पेज़ेश्कियान ने अपने ही देश के सरकारी न्यूज़ चैनल की आलोचना क्यों की

    ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान

    इमेज स्रोत, John Lamparski/Getty Images

    इमेज कैप्शन, मसूद पेज़ेश्कियान

    ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान ने वहां के सरकारी न्यूज़ चैनल आईआरआईबी की आलोचना की है.

    मसूद पेज़ेश्कियान ने कहा कि सरकारी चैनल ने सुप्रीम लीडर मोजतबा ख़ामेनेई के बयान का एक तय हिस्सा चलाया, जबकि पूरा बयान नहीं दिखाया.

    मसूद पेज़ेश्कियान ने कहा, "अमेरिका के साथ बातचीत के लिए ख़ामेनेई ने मंज़ूरी दी थी. लेकिन टीवी चैनल ने ख़ामेनेई के सिर्फ़ उन बयानों पर ध्यान दिया, जिनमें बातचीत से इनकार किया गया था."

    उन्होंने बातचीत को लेकर हो रही ग़लत और बिना जानकारी वाली टिप्पणियों की आलोचना की. पेज़ेश्कियान ने एकता और आपसी सहयोग बनाए रखने की अपील भी की.

    इस बीच, अमेरिकी सेंटकॉम ने बुधवार सुबह ईरान के ठिकानों पर एक घंटे तक किए गए हमलों के 11वें दौर की जानकारी दी.

    बाद में सेंटकॉम ने बताया कि ये हमले ख़त्म हो गए हैं. इसके बाद ईरान की समाचार एजेंसियों ने कहा कि तेहरान समेत कई नए इलाक़ों में धमाकों की आवाज़ सुनी गई.

  15. पाकिस्तान में पेट्रोल पंप मालिकों की अनिश्चितकालीन हड़ताल, ये है वजह

    पेट्रोल पंप

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    इमेज कैप्शन, पेट्रोल पंप मालिकों ने कहा है कि 22 और 23 जुलाई 2026 की मध्यरात्रि 12 बजे से पाकिस्तान के सभी पेट्रोल पंप अगले आदेश तक बंद रहेंगे (फ़ाइल फ़ोटो)

    ऑल पाकिस्तान पेट्रोल पंप ओनर्स एसोसिएशन ने सरकार के साथ हुई बातचीत बेनतीजा रहने के बाद देशभर में अनिश्चितकालीन हड़ताल का एलान किया है.

    बीबीसी उर्दू के मुताबिक़, संगठन ने कहा है कि 22 और 23 जुलाई 2026 की मध्यरात्रि 12 बजे से पाकिस्तान के सभी पेट्रोल पंप अगले आदेश तक बंद रहेंगे.

    एसोसिएशन की ओर से जारी बयान में कहा गया कि पेट्रोल पंप मालिकों के मार्जिन में बढ़ोतरी और पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतें रोजाना तय करने के प्रस्ताव को लेकर पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज मलिक के साथ हुई बातचीत किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी. संगठन का कहना है कि इस मुद्दे पर पिछले कई हफ्तों से सरकार के साथ वार्ता चल रही थी और विरोध की तैयारियां पहले ही पूरी कर ली गई थीं.

    संगठन ने स्पष्ट किया कि हड़ताल तब तक जारी रहेगी, जब तक सरकार उनकी मांगों पर 'सकारात्मक और स्वीकार्य' फैसला नहीं लेती.

    एसोसिएशन के चेयरमैन हुमायूं खान ने कहा कि उनकी प्रमुख मांगों में डीलरों के कमीशन में बढ़ोतरी और तेल की कीमतें हर महीने तय करने की व्यवस्था शामिल है. उनका कहना है कि मौजूदा व्यवस्था में डीलरों को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है.

    हुमायूं खान ने यह भी दावा किया कि पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतें रोजाना तय करने की नई नीति लागू करने से पहले सरकार ने डीलरों से कोई सलाह-मशविरा नहीं किया.

    गौरतलब है कि पिछले सप्ताह इस्लामाबाद में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज मलिक ने घोषणा की थी कि ऑयल एंड गैस रेगुलेटरी अथॉरिटी (ओगरा) अब हर सात दिन के बजाय रोजाना पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतें तय करेगी.

    उन्होंने कहा था कि नई व्यवस्था के तहत ओगरा प्रतिदिन कीमतें अपनी वेबसाइट पर जारी करेगा और किसी भी बदलाव की जानकारी तत्काल सार्वजनिक की जाएगी.

  16. पत्रकार पर प्रदर्शनकारियों के कथित हमले को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी ने क्या कहा

    सौरभ दास

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    इमेज कैप्शन, सीजेपी ने कहा कि पुलिस चाहे कितना भी भड़काए, किसी को भी इस तरह की हिंसा नहीं करनी चाहिए (फ़ाइल फ़ोटो: सौरभ दास)

    दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना दे रहे कुछ प्रदर्शनकारियों पर आरोप है कि उन्होंने टाइम्स नाउ से जुड़े पत्रकार देव कोटक से मारपीट की, जिसके बाद कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने इसकी निंदा की है.

    सीजेपी के मुख्य प्रवक्ता सौरभ दास ने कहा कि पुलिस चाहे कितना भी भड़काए, किसी को भी इस तरह की हिंसा नहीं करनी चाहिए.

    सौरभ दास ने एक्स पोस्ट में कहा, "हम देव (रिपोर्टर) पर हुए इस हमले की कड़ी निंदा करते हैं. वह एक शानदार रिपोर्टर हैं. पुलिस चाहे कितना भी भड़काए, किसी को भी इस तरह की हिंसा नहीं करनी चाहिए. माफ़ करना भाई देव. हम सभी से शांति और संयम बनाए रखने की अपील करते हैं."

    पत्रकार देव कोटक ने आरोप लगाया है कि सीजेपी प्रदर्शनकारियों ने उनके साथ मार-पीट की और उनसे उनका मोबाइल और घड़ी छीन लिए.

    गौरतलब है कि सीजेपी के प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने कई बार मेनस्ट्रीम मीडिया के खिलाफ नारेबाज़ी की है, जिनके वीडियो सोशल मीडिया पर भी सामने आए हैं.

  17. नसीरुद्दीन शाह ने छात्रों पर लाठीचार्ज के बाद कहा, 'ग़ुस्से से खौल गया हूं'

    नसीरुद्दीन शाह

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    इमेज कैप्शन, नसीरुद्दीन शाह ने कहा है कि ये सब बच्चे हिम्मत न हारें, बहुत से लोगों की हमदर्दी इनके साथ है (फ़ाइल फ़ोटो)

    कॉकरोच जनता पार्टी के समर्थकों और प्रदर्शनकारी छात्रों पर सोमवार को 'संसद मार्च' के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई के बाद सिनेमा जगत से जुड़ी कई हस्तियां ने इसकी निंदा की है. अब दिग्गज अभिनेता नसीरुद्दीन शाह ने भी छात्रों के समर्थन में बयान जारी किया है.

    नसीरुद्दीन शाह ने कहा है कि ये सब बच्चे हिम्मत न हारें, बहुत से लोगों की हमदर्दी इनके साथ है.

    उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म इंस्टाग्राम पर एक वीडियो जारी करते हुए कहा, "एक्टिंग के दो कोर्स पूरे करने के बावजूद मैंने अभिनय के बारे में सबसे ज़्यादा उन बच्चों से सीखा है, जिन्हें सिखाने की कोशिश मैंने की है. मेरी पूरी हमदर्दी उनके साथ है, मैं उन्हें हर साँस के साथ दुआएँ देता हूं और हर टीचर्स डे पर उन्हें सलाम करता हूं."

    नसीरुद्दीन शाह ने कहा, "इस वक़्त मेरा दिल भरा हुआ है और मैं ये देखकर ग़ुस्से से खौल गया हूं कि हमारे बच्चों के साथ किस तरह ज़ुल्म से भरा बर्ताव किया जा रहा है. छात्रों के साथ ये व्यवहार उन गुंडों के हाथों हो रहा है, जो मुझे अमेरिका के आइस एजेंट्स की याद दिलाते हैं, जिनके हाथों में डंडे और मुँह पर नक़ाब होता था. कभी अपने बच्चों के बारे में भी सोचा करो और ये भी सोचो कि तुम्हारा अंजाम तुम्हें एक दिन ज़रूर मिलेगा."

    उन्होंने कहा, "मैं इन सब बच्चों से कहना चाहता हूं कि हिम्मत न हारें. बहुत से लोगों की हमदर्दी आपके साथ है. मुझे इस मुल्क की युवा पीढ़ी से हमेशा उम्मीद रही है, अब वो उम्मीद उजागर हो गई है. मैं इस मुल्क की हुकूमत से कहना चाहता हूं कि सब याद रखा जाएगा."

    गौरतलब है कि इससे पहले सोनाक्षी सिन्हा, प्रीति ज़िंटा, सोनू सूद, दिलजीत दोसांझ, रितेश देशमुख, अभिनेत्री भूमि पेडनेकर और जेनेलिया समेत कई सेलेब्स ने छात्रों के समर्थन में अपनी प्रतिक्रिया दी है.

  18. धर्मेंद्र प्रधान बोले, 'राहुल गांधी छात्रों का राजनीतिक इस्तेमाल कर रहे हैं'

    धर्मेंद्र प्रधान

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    इमेज कैप्शन, धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री के घर के बाहर धरना दिया, जिससे आम लोगों को परेशानी हुई (फ़ाइल फ़ोटो)

    केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा है कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी छात्रों का राजनीतिक इस्तेमाल करके संसद के मॉनसून सत्र में रुकावट डालना चाहते हैं.

    धर्मेंद्र प्रधान ने मंगलवार देर रात एक्स पर कहा कि राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री के घर के बाहर धरना दिया, जिससे आम लोगों को परेशानी हुई.

    धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर लिखा, "लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस लगातार छात्रों का राजनीतिक इस्तेमाल कर रहे हैं, ताकि संसद के मॉनसून सत्र में रुकावट पैदा की जा सके. राहुल गांधी और कांग्रेस ने प्रधानमंत्री के घर के बाहर धरना देने का फ़ैसला किया. इससे आम लोगों को परेशानी हुई और तय सुरक्षा नियमों की भी अनदेखी की गई.

    "सरकार ने पूरी चर्चा के लिए अपनी तैयारी साफ़ कर दी थी. इसके बाद भी कांग्रेस ने लोकतांत्रिक बहस की जगह राजनीतिक प्रदर्शन को चुना. उनका मक़सद छात्रों की समस्या का हल निकालना नहीं था, बल्कि राजनीतिक सुर्ख़ियां बटोरने के लिए रुकावट पैदा करना था. राहुल गांधी के लिए यह मामला छात्रों का नहीं है. यह हर उस मौक़े के बाद टकराव पैदा करने की कोशिश है, जब चर्चा का सही रास्ता पहले ही खुल चुका है."

    प्रधान ने कहा, "हमारी सरकार नीट पर चर्चा करने और युवाओं की हर सही चिंता पर संसद में बात करने के लिए पूरी तरह तैयार है. भारत के छात्र राजनीतिक अभियान का हिस्सा बनाए जाने से कहीं बेहतर व्यवहार के हक़दार हैं. उन्हें अफ़रा-तफ़री नहीं, भरोसा चाहिए. नारे नहीं, समाधान चाहिए. रुकावट नहीं, ज़िम्मेदारी चाहिए."

    उन्होंने आगे कहा, "हम अपने छात्रों के सिर्फ़ ग़ुस्से के नहीं, बल्कि जवाब, सुधार और जवाबदेही के भी ज़िम्मेदार हैं. हमारी सरकार इन्हीं बातों पर काम करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है."

    गौरतलब है कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस सांसदों ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग को लेकर पीएम आवास 7 लोक कल्याण मार्ग के बाहर धरना प्रदर्शन किया था.

    इसके बाद उन्हें हिरासत में ले लिया गया था. हालांकि, कुछ घंटे बाद उन्हें और हिरासत में लिए गए बाकी नेताओं को छत्रसाल स्टेडियम से रिहा कर दिया गया.

  19. नमस्कार!

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