बेंगलुरु : क्रेच के बच्चों से दुर्व्यवहार के मामले में केयरटेकर महिला गिरफ़्तार,न्यायिक हिरासत में भेजा गया, इमरान क़ुरैशी, बेंगलुरू से बीबीसी न्यूज़ हिन्दी के लिए

इमेज स्रोत, DCPC, Bangluru East
बेंगलुरु में आईटी कंपनी कैपजेमिनी के कर्मचारियों के बच्चों के डे-केयर सेंटर की एक केयरटेकर को पुलिस ने गिरफ़्तार कर लिया है.
केयरटेकर विजयलक्ष्मी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया.
26 जून को चाइल्ड हेल्पलाइन पर एक गुमनाम फोन कॉल मिलने के बाद दर्ज की गई एफ़आईआर में विजयलक्ष्मी का नाम पांच अभियुक्तों में शामिल था.
बेंगलुरु के पुलिस आयुक्त सीमांत कुमार सिंह ने बीबीसी न्यूज़ हिन्दी से कहा, "एक अभियुक्त को गिरफ़्तार कर लिया गया है."
अन्य दो महिला अभियुक्तों से पुलिस ने गुरुवार को पूछताछ की. इस मामले की जांच अब एक महिला पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) के नेतृत्व में की जा रही है.
मामला तब सामने आया जब जब चाइल्ड हेल्पलाइन पर एक कॉल में आरोप लगाया गया कि दो-तीन वर्ष से कम उम्र के बच्चों के साथ केवल रोने की वजह से दुर्व्यवहार किया जा रहा है.
बेंगलुरु पूर्व जिला बाल संरक्षण इकाई के लॉ ऑफ़िसर तिलकेश कुमार ने गुमनाम कॉल करने वाले व्यक्ति से संपर्क कर क्रेच का पता किया.
जांच में यह भी सामने आया कि कथित दुर्व्यवहार टॉयलेट के अंदर किया जाता था,जहां सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे थे,जबकि क्रेच के बाकी हिस्से कैमरों की निगरानी में थे.
सामने आए वीडियो में छोटे-छोटे बच्चों को अकेले कमरे में फर्श पर रोते हुए छोड़ना,उन्हें टॉयलेट में ले जाकर टॉयलेट जेट स्प्रे से पानी डालना और वॉशिंग मशीन के ड्रम के अंदर बैठाना जैसी घटनाएं दिखाई दे रही हैं.
एक अन्य पुलिस अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर कहा कि इस मामले में आगे और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं.
इस बीच,कर्नाटक राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के अध्यक्ष संतोष कुमार ने बताया कि राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोगके दो सदस्य शुक्रवार दोपहर बेंगलुरु पहुंचेंगे.
उन्होंने बीबीसी न्यूज़ हिन्दी से कहा,"वे आईटी कंपनी के डे-केयर सेंटर का दौरा करेंगे और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से भी मुलाकात करेंगे."








